दुनिया का हर पिता चाहता है कि उसके बच्चे कदम दर कदम सफलता की सीढ़ियों पर चढ़े. लेकिन अपने संतान की सफलता में परिजनों की कम योगदान नहीं रहता है इसका जीता जागता उदाहरण अपने राज्य बिहार में देखने को मिला है. कल बिहार के एक बेटी ने नेशनल स्कूल गेम्स की बालिका वर्ग की जेवलिन स्पर्धा स्वर्ण पदक जीतकर बिहार राज्य के मान-सम्मान में चार चाँद लगा दिया है.

नेशनल स्कूल गेम्स की बालिका वर्ग की जेवलिन स्पर्धा स्वर्ण पदक जीतने वाली मीनू सोरेन राज्य के भागलपुर जिले स्थित पीरपैंती मिर्जाचौकी के रहने वाले मान सिंह सोरेन की होनहार बेटी है. मीनू के पिता अपने परिवार के भरन पोषण करने के लिए दिहाड़ी मजदुर के रूप में पत्थर तोड़ने का काम करते हैं. मीनू ने बड़ोदरा में आयोजित राष्ट्रीय स्कुल गेम्स में 37.72 मीटर भाला फेंक कर स्वर्ण पदक अपने नाम हासिल कर लिया कोच राजीव लोचन के अनुसार वह राष्ट्रीय रिकार्ड से कुछ सेंटीमीर पीछे रह गई 37.97 मीटर के राष्ट्रीय रिकार्ड के मुकाबले वह .25 से पिछड़ गई.

हालांकि मीनू अपने प्रदर्शन को लगातार जारी रखना चाहती है मीनू के इस प्रदर्शन से उसके विद्यालय के सभी शिक्षक और सहपाठी भी काफी खुश नजर आ रहे है सभी का कहना है कि मीनू एक दिन देश के लिए अन्तराष्ट्रीय स्तर पर जाकर स्वर्ण पदक जीतेगी उसकी मेहनत और लगन को देख सभी को गर्व है अपना प्रदर्शन भविष्य में निरंतर जारी रखेगी अपने राज्य बिहार का नाम रौशन करेगी. प्रदर्शन से राष्ट्रीय फलक पर बिहार का मान बढ़ाया है।

मीनू की यह पहली सफलता नहीं है इससे पहले भी वो साल 2013-14 झारखण्ड की राजधानी रांची में भी इस स्तर का स्वर्ण पदक अपने नाम कर चुकी है हालांकि पिछले साल कोझाकोट में उसे रजत पदक से संतोष करना पड़ा था. इस बार चांदी के तमगे को उसने फिर से सोने के रूप में परिवर्तित कर लिया है

Source: dailybiharnews